Monday, August 28, 2023

हिन्दू नाम का कोई धर्म नही, केवल धोखा है, स्वामी प्रसाद मौर्य के एक ओर बयान पर बवाल,

 समाजवादी पार्टी के नेता स्वामी प्रसाद मौर्य (Swami Prasad Maurya) एक बाद फिर विवादित बयान के चलते सुर्खियों में आ गए हैं। उन्होंने हिंदू धर्म को लेकर फिर से विवादित बयान दिया है। जो इंटरनेट मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। वहीं बयान को लेकर लोग अलग-अलग तरीके से अपना पक्ष रख रहे हैं।



क्या कहते हैं स्वामी प्रसाद मौर्य

स्वामी प्रसाद मौर्य ने कहा है कि 'ब्राह्मणवाद की जड़े बहुत गहरी हैं और सारी विषमता का कारण भी ब्राह्मणवाद ही है। हिंदू नाम का कोई धर्म है ही नहीं, हिंदू धर्म केवल धोखा है।

उन्होंने कहा कि सही मायने में जो ब्राह्मण धर्म है, उसी ब्राह्मण धर्म को हिंदू धर्म कहकर के इस देश के दलितों, आदिवासियों, पिछड़ों को अपने धर्म के मकड़जाल में फंसाने की एक साजिश है। अगर हिंदू धर्म होता तो आदिवासियों का भी सम्मान होता है, दलितों का भी सम्मान होता, पिछड़ों का भी सम्मान होता लेकिन क्या विडंबना है...'

व्हाट्सऐप पर क्वालिटी वीडियो शेयर कर सकेंगे

व्हाट्सऐप पर क्वालिटी वीडियो शेयर कर सकेंगे
 
व्हाट्सऐप पर क्वालिटी वीडियो शेयर कर सकेंगे

व्हाट्सऐप यूजर जल्द ओरिजनल क्वालिटी वीडियो भेज पाएंगे। कंपनी ने हाल में क्वालिटी वीडियो सपोर्ट व्हाट्सऐप के लिए रिलीज किया है। इससे पहले यूजर को एचडी फोटो भेजने की सुविधा मिली थी। इसके बाद अब कंपनी एक नए फीचर पर काम कर रही है, जो यूजर को ओरिजनल क्वालिटी में फोटो और वीडियो शेयर करने की सुविधा देगा। वेबसाइट वेबबीटाइंफो की लेटेस्ट रिपोर्ट के अनुसार, इसे भविष्य में आने वाले ऐप के अपडेट के साथ जारी किया जाएगा। रिपोर्ट में स्क्रीनशॉट दिया गया है। इसमें डॉक्यूमेंट सेक्शन में एक नया एंट्री प्वाइंट देखने को मिल रहा है। यह यूजर को गैलेरी में से फोटो और वीडियो सिलेक्ट करने का ऑप्शन दे रहा है। इसे भविष्य में आने वाले ऐप के अपडेट के साथ टेस्टिंग के तौर पर पहले कुछ बीटा टेस्टर्स के लिए जारी किया जाएगा। इसका मतलब है कि यूजर को अभी व्हाट्सएप के जरिए ओरिजनल क्वालिटी में फोटो और वीडियो शेयर करने के लिए थोड़ा लंबा इंतजार करना पड़ सकता है।


एक्स पर अधिक समय का वीडियो डालने की सुविधा

28/08/2023

 

एक्स पर अधिक समय का वीडियो डालने की सुविधा

एलन मस्क के स्वामित्व वाले एक्स ने माइक्रोब्लॉगिंग प्लेटफॉर्म पर विभिन्न वीडियो और मीडिया से जुड़े बदलावों की घोषणा की है। एक्स ने कहा कि प्रीमियम ग्राहक अब प्लेटफॉर्म पर लंबे वीडियो पोस्ट कर सकते हैं। 1080पी गुणवत्ता वाले दो घंटे तक के वीडियो या 720पी गुणवत्ता वाले तीन घंटे तक के वीडियो। इसके अलावा, भुगतान करने वाले यूजरों के पास अब अपनी टाइमलाइन से अपने कैमरा रोल तक वीडियो डाउनलोड करने की क्षमता है और अब वे पोस्ट किए गए वीडियो के लिए डाउनलोड विकल्प को सक्षम/अक्षम कर सकते हैं। प्रीमियम एक्स यूजरों को अपने टीवी पर वीडियो स्ट्रीम करने के लिए एयरप्ले समर्थन, लोकप्रिय वीडियो की ऑटो-कैप्शनिंग, पिक्चर-इन-पिक्चर प्लेबैक मिलेगा ताकि वे अपनी टाइमलाइन या अन्य ऐप्स को स्क्रॉल करते समय वीडियो देख सकें।


मेटा से मैसेंजर लाइट एप होगा बंद

28/08/2023

 

मेटा से मैसेंजर लाइट एप होगा बंद

मेटा मैसेंजर लाइट एप को अगले महीने से बंद कर देगा। इसे फेसबुक मैसेंजर के लाइट वर्जन के दौर पर पेश किया गया था। यह यूजर को कम फोन स्पेस के साथ फेसबुक पर अपने दोस्तों से चैट करने की सुविधा देता है। कंपनी का कहना है कि यूजर को फेसबुक पर चैटिंग जारी रखने के लिए मैसेंजर का उपयोग करने की सलाह दी जाती है। फेसबुक ने मैसेंजर लाइट को पहले ही गूगल प्ले स्टोर से हटा दिया है। अब जो यूजर्स पहले से इस एप को डाउनलोड किए हुए हैं और इस्तेमाल कर रहे हैं, वे 18 सितंबर के बाद इस एप का इस्तेमाल नहीं कर सकेंगे। मेटा ने साल 2016 में अपने मैसेजिंग एप लाइट को पेश किया था। मैसेंजर लाइट डाउनलोड के मामले में अमेरिका 8वें स्थान पर है। हाल ही में मेटा ने मैसेंजर के लिए एसएमएस सुविधा को बंद करने का एलान किया है।

मोबाइल पर आयकर रिटर्न दाखिल करना आसान होगा

 मोबाइल पर आयकर रिटर्न दाखिल करना आसान होगा

 
मोबाइल पर आयकर रिटर्न दाखिल करना आसान होगा
मोबाइल पर आयकर रिटर्न दाखिल करना आसान होगा
मोबाइल पर आयकर रिटर्न दाखिल करना आसान होगा
मोबाइल पर आयकर रिटर्न दाखिल करना आसान होगा
संचालन और बेहतर होगा

नए पोर्टल को मोबाइल के अनुसार भी तैयार किया गया है। मोबाइल पर खोलने पर नए बटन संकेत और दूसरी कई अन्य जानकारियां जैसे ई-वेरिफाई सिस्टम, लिंक आधार स्टेटस, लिंक आधार, इनकम टैक्स रिटर्न स्टेटस जैसे कई कॉलम दिखाई देंगे।

वीडियो से संदेह दूर होंगे

साथ ही कई चीजों की जानकारी के लिए वीडियो सेक्शन भी बनाया गया है। यहां कई तरह की जानकारियां ली जा सकती हैं। इनमें ऑफलाइन मोड में आयकर भुगतान कैसे करें से लेकर

आईटीआर-1, आईटीआर-2,

आईटीआर-4 कैसे दाखिल करें, इसका

विस्तृत ब्योरा दिया गया

है।

मेगा मेन्यू का विकल्प मिलेगा

आयकर विभाग के अनुसार, करदाताओं के अनुभव को बेहतर करने और नई तकनीक के साथ तालमेल बनाए रखने के लिए फिर से तैयार किया गया है। इसमें उपयोगकर्त्ता के अनुकूल इंटरफेस और नए मॉड्यूल जोड़े गए हैं। इसी में ‘मेगा मेनू’ का विकल्प भी शामिल हैं। इसमें कर बकाया, पेनाल्टी, आयकर रिटर्न फर्म, टैक्स कैलेंडर जैसे आयकर से जुड़े सभी जरूरी लिंक दिए गए हैं।

नई दिल्ली, एजेंसी। आयकर विभाग ने करदाताओं के लिए संशोधित वेबसाइट जारी की है। इसमें कई नई सुविधाएं जोड़ी गई हैं, जिनकी मदद से कर भुगतान और आयकर रिटर्न भरना पहले से आसान हो जाएगा। यही नहीं इसे मोबाइल संचालन के अनुरूप भी बनाया गया है। इससे मोबाइल पर ही रिटर्न दाखिल करने की सुविधा मिलेगी। आयकर विभाग के लिए इस वेबसाइट को सीबीडीटी से डिजाइन किया है।

विभाग के अनुसार, वेबसाइट को इस तरह से बनाया गया है कि उपयोगकर्ताओं को काम की सारी चीजें एक क्लिक पर उपलब्ध हो सकेंगी। इसके लिए वेबसाइट के इंटरफेस और नेविगेशन में सुधार किया गया है। इसके साथ ही वेबसाइट में एक लेटेस्ट अपडेट का कॉलम भी दिया गया है।

इस कॉलम में करदाताओं को विभाग द्वारा जारी की गई नई सूचनाओं की जानकारी मिल पाएगी।

आयकर धारा और नियमों की तुलना कर सकेंगे

वेबसाइट पर आयकर से जुड़ी सभी धाराओं और नियमों का ब्योरा भी जोड़ा गया है। करदाता को कर संबंधी किसी तरह की दिक्कत होने पर वह यहां से जानकारी प्राप्त कर सकता है। विभाग का कहना है कि यह एक अतिरिक्त पहल है, जिससे करदाताओं की जागरूकता बढ़ेगी। इसके अतिरिक्त, अन्य पोर्टलों के बारे में जानकारी जोड़ी गई है।

क्रिप्टोकरंसी की चुनौती के खिलाफ दुनिया एकजुट हो

 मोदी बोलेसभी हितधारकों का ख्याल रखें, एआई का नैतिक उपयोग करें

क्रिप्टोकरंसी की चुनौती के खिलाफ दुनिया एकजुट हो
 
क्रिप्टोकरंसी की चुनौती के खिलाफ दुनिया एकजुट हो
नई दिल्ली में चल रहे तीन दिवसीय बी20 शिखर सम्मेलन के अंतिम दिन रविवार को संबोधित करते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी। ● प्रेट्र
क्रिप्टोकरंसी की चुनौती के खिलाफ दुनिया एकजुट हो

विज्ञान-उद्योग दोनों की सफलता चंद्रयान-3

मोदी ने कहा कि चंद्रयान-3 के चांद पर पहुंचने के साथ त्योहारों का मौसम शुरू हो गया। मिशन में कई कलपुर्जे निजी क्षेत्र, एमएसएमई ने उपलब्ध कराए। उन्होंने कहा, यह मिशन विज्ञान और उद्योग दोनों की सफलता है।

भारत आपूर्ति शृंखला का महत्वपूर्ण हिस्सा

मोदी ने कहा, अफ्रीकी संघ को भी जी20 में स्थायी सदस्यता का न्योता दिया गया है। कुशल और भरोसेमंद आपूर्ति शृंखला में देश का महत्वपूर्ण स्थान है। भारत वैश्विक आपूर्ति शृंखला का महत्वपूर्ण हिस्सा है।

उत्पाद -उपभोक्ता के हितों में संतुलन जरूरी

पीएम मोदी ने इस बात पर चिंता जताई कि महत्वपूर्ण पदार्थ और दुर्लभ धातुओं की उपलब्धता असमान है, जबकि इनकी जरूरत सभी को है। जिनके पास ये हैं, यदि वे इन्हें वैश्विक दायित्व के रूप में नहीं देखते हैं, तो यह उपनिवेशवाद के नए मॉडल को बढ़ावा देगा। उन्होंने कहा कि एक फायदे वाला बाजार तभी कायम रह सकता है, जब उत्पादकों और उपभोक्ताओं के हितों में संतुलन हो। प्रधानमंत्री ने कहा कि दूसरे देशों को केवल बाजार मानने से काम नहीं चलेगा। इससे अंत में उत्पादक देशों को भी नुकसान होगा।

नई दिल्ली, एजेंसी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को क्रिप्टोकरंसी की चुनौतियों से निपटने के लिए दुनिया के देशों से एकजुट होने का आह्वान किया। उन्होंने एक अंतरराष्ट्रीय ढांचा तैयार करने की भी बात कही, जिसमें सभी हितधारकों का ख्याल रखा जाए। मोदी ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) के नैतिक इस्तेमाल की भी अपील की।

भारत हरित क्रेडिट के लिए वैश्विक ढांचा तैयार कर रहा भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) द्वारा आयोजित ‘बी20 समिट इंडिया-2023’ के अंतिम दिन पीएम मोदी ने अंतरराष्ट्रीय उपभोक्ता सेवा दिवस मनाने और कार्बन क्रेडिट ट्रेडिंग की मौजूदा प्रथा को छोड़कर ग्रीन क्रेडिट अपनाने की बात कही। उन्होंने कहा कि भारत हरित क्रेडिट के लिए एक वैश्विक ढांचा तैयार कर रहा है।

मोदी ने जलवायु परिवर्तन, ऊर्जा क्षेत्र के संकट, खाद्य आपूर्ति शृंखला में असंतुलन, जल सुरक्षा से संबंधित मुद्दों का जिक्र करते हुए कहा कि ऐसे मामलों का व्यवसाय पर बड़ा प्रभाव पड़ता है। इन चुनौतियों से निपटने के लिए प्रयासों को बढ़ाने की जरूरत है।

उद्योग जगत पारंपरिक नजरिए पर फिर विचार करे प्रधानमंत्री ने कहा, आज दुनिया एआई को लेकर बहुत उत्साह दिखा रही है, पर इसके बीच कुछ नैतिक विचार भी हैं। कौशल और पुन कौशल के संबंध में एल्गोरिदम पूर्वाग्रह और समाज पर इसके प्रभाव के बारे में चिंता जताई जा रही है। इन मुद्दों को भी हल किया जाना चाहिए।

Sunday, August 27, 2023

PM Modi Mann Ki Baat 104th Episode:

 PM Modi Mann Ki Baat 104th Episode:

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) ने 27 अगस्त यानी रविवार को 'मन की बात' के 104वें संस्करण को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि सावन महाशिव, उत्सव और उल्लास का महीना है। चंद्रयान की सफलता ने उत्सव के इस माहौल को कई गुना बढ़ा दिया है। चंद्रयान को चंद्रमा पर पहुंचे तीन दिन से ज्यादा का समय हो रहा है। ये सफलता इतनी बड़ी है कि इसकी जितनी चर्चा की जाए कम है।



'अभी तो सूरज उगा है'

प्रधानमंत्री मोदी ने इस दौरान अपनी लिखी कविता भी सुनाई। उन्होंने कहा कि जब आज आपसे बात कर रहा हूं तो एक पुरानी मेरी कविता की कुछ पंक्तियां याद आ रही है।


आसमान में सिर उठाकर,

घने बादलों को चीरकर,

रोशनी का संकल्प ले,

अभी तो सूरज उगा है।

दृढ़ निश्चय के साथ चलकर,

हर मुश्किल को पार कर,

घोर अंधेरे को मिटाने,

अभी तो सूरज उगा है,

आसमान में सिर उठाकर,

घने बादलों को चीरकर,

अभी तो सूरज उगा है।


'संकल्प के कुछ सूरज चांद पर भी उगते हैं'

पीएम मोदी ने कहा कि 23 अगस्त को भारत ने और भारत के चंद्रयान ने ये साबित कर दिया है कि संकल्प के कुछ सूरज चांद पर भी उगते हैं। मिशन चंद्रयान नए भारत की उस भावना का प्रतीक बन गया है, जो हर हाल में जीतना चाहता है और हर हाल में जीतना जानता भी है।


पीएम मोदी के संबोधन की बड़ी बातें

चंद्रयान मिशन का एक पक्ष ऐसा भी रहा है जिसकी आज मैं आब सब के साथ विशेष तौर पर चर्चा करना चाहता हूं। आपको याद होगा इस बार मैंने लाल किले से कहा कि हमें महिलाओं के नेतृत्व वाले विकास को राष्ट्रीय चरित्र के रूप में सशक्त करना है। जहां महिला शक्ति का सामर्थ्य जुड़ जाता है, वहां असंभव को भी संभव बनाया जा सकता है।

भारत का मिशन चंद्रयान, नारीशक्ति का भी जीवंत उदाहरण है | इस पूरे मिशन में अनेकों महिला वैज्ञानिक और इंजीनियर सीधे तौर पर जुड़ी रही हैं। इन्होंने अलग-अलग सिस्टम्स के प्रोजेक्ट डायरेक्टर, प्रोजेक्ट मैनेजर और ऐसी कई अहम जिम्मेदारियां संभाली है।

भारत की बेटियां अब अनंत समझे जाने वाले अंतरिक्ष को भी चुनौती दे रही हैं | किसी देश की बेटियां जब इतनी आकांक्षी हो जाएं, तो उसे, उस देश को, विकसित बनने से भला कौन रोक सकता है!

चंद्रयान-3 की सफलता से हमारे वैज्ञानिकों के साथ ही दूसरे सेक्टर्स की भी अहम भूमिका रही है। तमाम पार्ट्स और तकनीकी जरूरतों को पूरा करने में कितने ही देशवासियों ने योगदान दिया है। जब सबका प्रयास लगा तो सफलता भी मिली। यही चंद्रयान-3 की सबसे बड़ी सफलता है।

इस बार 15 अगस्त के दौरान देश ने सबका प्रयास का सामर्थ्य देखा सभी देशवासियों के प्रयास ने हर घर तिरंगा अभियान को वास्तव में हर मन तिरंगा अभियान बना दिया। इस अभियान के दौरान कई रिकॉर्ड भी बने। देशवासियों ने करोड़ों की संख्या में तिरंगे खरीदे। डेढ़ लाख पोस्ट ऑफिस के जरिए करीब डेढ़ करोड़ तिरंगे बेचे गए। इससे हमारे कामगारों की, बुनकरों की और खासकर महिलाओं की सैकड़ों करोड़ रुपये की आय भी हुई।

तिरंगे के साथ सेल्फी पोस्ट करने में भी इस बार देशवासियों ने नया रिकॉर्ड बना दिया। पिछले साल 15 अगस्त तक करीब पांच करोड़ देशवासियों ने तिरंगे के साथ सेल्फी पोस्ट की थी। इस साल ये संख्या 10 करोड़ को भी पार कर गई है।

इस समय देश में ‘मेरी माटी, मेरा देश’ देशभक्ति की भावना को उजागर करने वाला अभियान जोरों पर है।सितंबर के महीने में देश के गांव-गांव में, हर घर से मिट्टी जमा करने का अभियान चलेगा। देश की पवित्र मिट्टी हजारों अमृत कलश में जमा की जाएगी। अक्टूबर के अंत में हजारों अमृत कलश यात्रा के साथ देश की राजधानी दिल्ली पहुंचेंगे। इस मिट्टी से ही दिल्ली में अमृत वाटिका का निर्माण होगा। मुझे विश्वास है, हर देशवासी का प्रयास इस अभियान को भी सफल बनाएगा।

इस बार मुझे कई पत्र संस्कृत भाषा में मिले हैं | इसकी वजह यह है कि सावन मास की पूर्णिमा, इस तिथि को विश्व संस्कृत दिवस मनाया जाता है। सर्वेभ्य: विश्व-संस्कृत-दिवसस्य हार्द्य: शुभकामना: आप सभी को विश्व संस्कृत दिवस की बहुत-बहुत बधाई।

हम सब जानते हैं कि संस्कृत दुनिया की सबसे प्राचीन भाषाओं में से एक है | इसे कई आधुनिक भाषाओं की जननी भी कहा जाता है | संस्कृत अपनी प्राचीनता के साथ-साथ अपनी वैज्ञानिकता और व्याकरण के लिए भी जानी जाती है।

भारत का कितना ही प्राचीन ज्ञान हजारों वर्षों तक संस्कृत भाषा में ही संरक्षित किया गया है। योग, आयुर्वेद और दर्शन शास्र जैसे विषयों पर रिसर्च करने वाले लोग अब ज्यादा से ज्यादा संस्कृत सीख रहे हैं। कई संस्थान भी इस दिशा में बहुत अच्छा काम कर रहे हैं। संस्कृत भारती’ लोगों को संस्कृत सिखाने का अभियान चलाती है | इसमें आप 10 दिन के ‘संस्कृत संभाषण शिविर’ में भाग ले सकते हैं।

मुझे खुशी है कि आज लोगों में संस्कृत को लेकर जागरूकता और गर्व का भाव बढ़ा है। इसके पीछे बीते वर्षों में देश का विशेष योगदान भी है। जैसे तीन संस्कृत डीम्ड यूनिवर्सिटीज को 2020 में सेंट्रल यूनिवर्सिटीज बनाया गया। अलग-अलग शहरों में संस्कृत विश्वविद्यालयों के कई कॉलेज और संस्थान भी चल रहे हैं। आईआईटी और आईआईएम जैसे संस्थानों में संस्कृत केंद्र काफी पॉपुलर हो रहे हैं।

जब हम अपनी मातृभाषा से जुड़ते हैं तो हम सहज रूप से अपनी संस्कृति से जुड़ जाते हैं, अपने संस्कारों से जुड़ जाते हैं, अपनी परंपरा से जुड़ जाते हैं, अपने चिर पुरातन भव्य वैभव से जुड़ जाते हैं। ऐसे ही भारत की एक और मातृभाषा है, गौरवशाली तेलुगू भाषा। 29 अगस्त को तेलुगू दिवस मनाया जाएगा। तेलुगू भाषा के साहित्य और विरासत में भारतीय संस्कृति के कई अनमोल रत्न छिपे हैं। तेलुगू की इस विरासत का लाभ पूरे देश को मिले, इसके लिए कई प्रयास भी किये जा रहे हैं।

चीजों या स्थानों को साक्षात् खुद देखना, समझना और कुछ पल उनको जीना, एक अलग ही अनुभव देता है। कोई समंदर का कितना ही वर्णन कर दे, लेकिन हम समंदर को देखे बिना उसकी विशालता महसूस नहीं कर सकते। कोई हिमलाय का कितना ही बखान कर दे, लेकिन हम हिमालय को देखे बिना उसकी सुंदरता का आकलन नहीं कर सकते। इसलिए ही मैं अक्सर आप सभी से ये आग्रह करता हूं कि जब मौका मिले, हमें अपने देश की सुंदरता और विविधता को जरूर देखने जाना चाहिए।

अक्सर हम एक और बात भी देखते हैं। हम भले ही दुनिया का कोना-कोना छान लें, लेकिन अपने ही शहर या राज्य की कई बेहतरीन जगहों और चीजों से अनजान होते हैं। कई बार ऐसा होता है कि लोग अपने शहर के ही ऐतिहासिक स्थलों के बारे में ज्यादा नहीं जानते।

डेयरी सेक्टर हमारे देश के सबसे महत्वपूर्ण सेक्टरों में से एक है। हमारी माताओं और बहनों के जीवन में बड़ा परिवर्तन लाने में तो इसकी बहुत अहम भूमिका रही है।

पर्व-उल्लास के समय हमें वोकल फार लोकल के मंत्र को भी याद रखना है। 'आत्मनिर्भर भारत' ये अभियान हर देशवासी का अपना अभियान है। जब त्योहार का माहौल है तो हमें अपनी आस्था के स्थलों और उसके आसपास के क्षेत्र को स्वच्छ तो रखना ही है, लेकिन हमेशा के लिए |

30 जुलाई को प्रसारित किया था 'मन की बात' का 103वां संस्करण

पिछले महीने 30 जुलाई को मन की बात का 103वां संस्करण प्रसारित किया गया था। इस दौरान पीएम मोदी ने पहली बार 'मेरी माटी मेरा देश' अभियान का जिक्र किया था।

चंद्रमा पर जहां लैंडर उतरा, वह शिवशक्ति प्वाइंट होगा मोदी

 प्रधानमंत्री मोदी ने इसरो वैज्ञानिकों से मुलाकात के दौरान किया ऐलान

चंद्रमा पर जहां लैंडर उतरा, वह शिवशक्ति प्वाइंट होगा मोदी
 
चंद्रमा पर जहां लैंडर उतरा, वह शिवशक्ति प्वाइंट होगा मोदी
चंद्रमा पर जहां लैंडर उतरा, वह शिवशक्ति प्वाइंट होगा मोदी
यह भी कहा पीएम ने

1. जिस स्थान पर चंद्रयान-2 ने 2019 में अपने पदचिह्न छोड़े थे, उसे तिरंगा प्वाइंट के नाम से जाना जाएगा।

2. हमारे राष्ट्र का गौरव चंद्रमा पर पहुंचा, इसरो ‘मेक इन इंडिया’ को चंद्रमा तक ले गया

3. सॉफ्ट लैंडिंग भारत के लिए असाधारण उपलब्धि

असुविधा के बावजूद ‘जी20’ को सफल बनाएं प्रधानमंत्री

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्लीवासियों से शनिवार को अपील की कि अगले महीने यहां होने वाले जी20 शिखर सम्मेलन के कारण दिल्ली के लोगों को असुविधा हो सकती है। इसके बावजूद इस कार्यक्रम को सफल बनाने में वे मदद करें। मोदी ने सम्मेलन के प्रबंध के कारण लोगों को हो सकने वाली असुविधा के लिए उनसे पहले ही माफी मांगी। सम्मेलन 9 और 10 सितंबर को होगा। इसमें यूरोपीय संघ, आमंत्रित देशों के 30 से अधिक राष्ट्राध्यक्ष,14 अंतरराष्ट्रीय संगठनों के प्रमुखों के भाग लेने की उम्मीद है।

बेंगलुरु, एजेंसी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को कहा कि चंद्रयान-3 का लैंडर चंद्रमा के जिस स्थान पर उतरा है उसे शिव शक्ति प्वाइंट के नाम से जाना जाएगा। यह कल्याण एवं ताकत का मेल है। मोदी भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के वैज्ञानिकों से मिलने बेंगलुरु पहुंचे थे।

ग्रीस की राजधानी एथेंस से सीधे बेंगलुरु पहुंचे प्रधानमंत्री ने चंद्रयान-3 मिशन की सफलता को भारत के इतिहास का असाधारण क्षण करार दिया। कहा, सतह पर उतरने की जगह का नामकरण करने की वैज्ञानिक परंपरा रही है।

उन्होंने कहा कि चंद्रमा के जिस स्थान पर चंद्रयान-2 ने 2019 में पद चिह्न छोड़े थे, उसे तिरंगा प्वाइंट के नाम से जाना जाएगा। तिरंगा प्वाइंट हर प्रयास की प्रेरणा बनेगा और सीख देगा कि कोई विफलता आखिरी नहीं होती।

मोदी ने ‘शिव शक्ति प्वाइंट’ के बारे में कहा कि शिव में मानवता के कल्याण का संकल्प है। और शक्ति से उन संकल्पों को पूरा करने का सामर्थ्य मिलता है। चंद्रमा का शिवशक्ति प्वाइंट हिमालय के कन्याकुमारी से जुड़े होने का बोध कराता है।

Saturday, August 26, 2023

चीन के राष्ट्रपति अगले माह शी जिनपिंग दिल्ली आ रहे हैं,